हरिद्वार में लापरवाही के मामले में शासन ने बड़ा कदम उठाया है। जिला पंचायती राज अधिकारी (डीपीआरओ) अतुल प्रताप सिंह को उनके पद से हटा दिया गया है। उन्हें तत्काल प्रभाव से पंचायती राज निदेशालय देहरादून से अटैच कर दिया गया है। शासन ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं।
डीपीआरओ के पद से हटाए जाने के बाद हरिद्वार के मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) ललित नारायण मिश्रा को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। बताया जा रहा है कि कार्यों में लगातार लापरवाही की शिकायतें मिल रही थीं। हरिद्वार के कुछ लोगों ने शासन को लिखित शिकायतें भेजीं, जिन पर संज्ञान लेते हुए यह कार्रवाई की गई है।
शासन ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की है। इसमें संयुक्त सचिव ध्रुव मोहन सिंह राणा, पंचायती राज विभाग के संयुक्त निदेशक राजीव कुमार नाथ त्रिपाठी और वित्त नियंत्रक शशि सिंह शामिल हैं। यह समिति जल्द ही हरिद्वार का दौरा कर शिकायतों की जांच करेगी और रिपोर्ट शासन को सौंपेगी।
प्रारंभिक जांच के आधार पर अतुल प्रताप सिंह को पद से हटाने का निर्णय लिया गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी। फिलहाल सीडीओ ललित नारायण मिश्रा डीपीआरओ का कार्यभार संभालेंगे। उम्मीद जताई जा रही है कि जांच पूरी होने के बाद हरिद्वार में नए डीपीआरओ की नियुक्ति की जाएगी।



